अगर आप किसान हैं और खेती करते हैं तो आपके लिए आज की यह खबर काफी काम की है. किसान क्रेडिट कार्ड यानी KCC किसानों के लिए सबसे बड़ी मदद में से एक है. सरकार का मकसद है कि किसी भी किसान को खेती के लिए महंगा ब्याज न चुकाना पड़े. इसी वजह से सरकार किसान क्रेडिट कार्ड के तहत किसानों को दो लाख तक बिना किसी गारंटी के लोन देती है और तीन लाख तक के लोन पर सिर्फ जमीन की डिटेल देनी होती है.
बहुत से किसान भाई यही सोचते हैं कि यह योजना सिर्फ कुछ लोगों के लिए है लेकिन ऐसा नहीं है. इस योजना का फायदा देश के हर किसान को मिल सकता है चाहे वह किसी भी राज्य का रहने वाला हो. सबसे अच्छी बात यह है कि अगर आपके पास अपनी जमीन नहीं है और पट्टे की जमीन पर खेती करते हैं तब भी आप किसान क्रेडिट कार्ड के लिए आवेदन कर सकते हैं.
अब बात आती है कि यह कार्ड बनवाने के लिए क्या दस्तावेज चाहिए. तो किसान को पासपोर्ट साइज फोटो एक आधार कार्ड की कॉपी पैन कार्ड की कॉपी और जमीन का दस्तावेज देना जरूरी होता है. अगर जमीन आपके नाम नहीं है लेकिन पट्टे की है तो वह भी चलेगा. इसके अलावा एक निवास प्रमाण पत्र और आपका बैंक खाता पहले से होना जरूरी है क्योंकि इसी खाते में आपकी KCC लिमिट और राशि आएगी.
अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या KCC ऑनलाइन बनती है. इसका जवाब है नहीं. किसान क्रेडिट कार्ड पूरी तरह ऑफलाइन प्रोसेस से बनता है. इसके लिए आपको अपने नजदीकी बैंक की शाखा में जाना होगा. बैंक में जाकर सिर्फ इतना कहना है कि किसान क्रेडिट कार्ड का फॉर्म चाहिए. फॉर्म बहुत बड़ा नहीं होता दो मिनट में भर जाता है. अगर आप नहीं भर पा रहे हैं तो बैंक वाले आपको भरने में मदद कर देंगे.
फॉर्म जमा करने के बाद बैंक आपके दस्तावेजों की जांच करेगा. अगर सब कुछ सही है तो पंद्रह दिनों के अंदर आपका किसान क्रेडिट कार्ड बनकर तैयार हो जाता है. यह कार्ड बिल्कुल ATM कार्ड जैसा ही होता है जिसे आप कभी भी बैंक एटीएम मशीन में इस्तेमाल कर पैसे निकाल सकते हैं.
सबसे खास बात यह है कि लोन की EMI उसी दिन से शुरू होती है जिस दिन आप पैसे निकालते हैं. यानी अगर कार्ड मिलने के बाद आपने दस महीने तक पैसा नहीं निकाला है तो कोई ब्याज नहीं लगेगा. ब्याज तभी से लगेगा जब आप पहली बार पैसा निकालेंगे.
इस योजना पर ब्याज भी बहुत कम है. सरकार सात प्रतिशत ब्याज लेती है और समय पर लोन चुकाने पर तीन प्रतिशत तक की ब्याज छूट भी मिलती है. यानी किसान सिर्फ चार प्रतिशत ब्याज में खेती के लिए पैसा ले सकता है जो कि किसी भी निजी फाइनेंस या कर्ज से बहुत सस्ता है.
अगर किसी बैंक ने आपका आवेदन लेने से मना कर दिया या जानबूझकर आपका कार्ड नहीं बना रहा तो किसान इसकी शिकायत भी कर सकता है. इसके लिए सरकारी हेल्पलाइन नंबर और ईमेल उपलब्ध है जहां आवेदन दर्ज होते ही बैंक पर कार्रवाई होती है.
KCC किसानों के लिए बड़ी राहत है क्योंकि खेती में कई बार अचानक पैसे की जरूरत पड़ती है. ऐसे में यह कार्ड किसी सुरक्षा कवच जैसा काम करता है. अगर आप भी किसान हैं और अभी तक KCC नहीं बनवाया है तो नजदीकी बैंक जाकर आवेदन कर दें. यह आपका हक है और सरकार चाहती है कि हर किसान इस योजना का लाभ ले.
अगर जानकारी काम की लगी हो तो इसे अपने गांव के दूसरे किसानों तक जरूर पहुंचाएं क्योंकि सही योजना सही समय पर मिल जाए तो किसान की कई समस्याएं खुद ही खत्म हो जाती हैं.